Saturday, July 2, 2011

माँ तुम कितनी अच्छी हो






माँ तुम कितनी
अच्छी  हो
जीवन मे कितनी 
सच्ची  हो
तुमने हमको 
राह दिखलाया
सही मार्ग 
चुनना सिखलाया
जब जब मैं  
गिरी  हूँ पथ  पर
तुमने ही है 
गले लगाया
मेरे भीतर जो 
संस्कार भरे हैं
मां वो तुमने 
ही तो गहे है
तेरे ही आदर्शो 
पे चलकर
मैने जीवन पाया
हा तेरे आचरण
को माँ मैने
अपना आचरण 
बनाया है
माँ तू है तो 
जीवन है
तेरे ही तो रंग
मेरे भीतर है
तेरी  ममता की 
छाव मिले नित
तेरे प्राणो से 
प्राण मिले नित
यही प्रभु से माँगा है
हो माँ तू शत आयु….
यही हमारी प्रार्थना है…

1 Comments:

At October 24, 2016 at 7:14 AM , Anonymous Anonymous said...

naman

 

Post a Comment

Subscribe to Post Comments [Atom]

Links to this post:

Create a Link

<< Home